रामपुरा। गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर रामपुरा नगर में भक्ति, श्रद्धा और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। नगर के आराध्य एवं क्षेत्रवासियों के श्रद्धा केंद्र धर्मध्वजा रक्षक संत प्रवर बालमुकुंद जी उपाध्याय (हर-हर महादेव गुरुदेव) की तपोस्थली दत्त अखाड़ा दत्तात्रेय मंदिर में प्रतिवर्ष की परंपरा अनुसार इस वर्ष भी गुरु पूर्णिमा महोत्सव बड़े ही धूमधाम और भक्तिमय वातावरण में मनाया गया।
गुरु पूर्णिमा उत्सव का शुभारंभ प्रातःकाल भगवान श्री सत्यनारायण की कथा एवं पूजन-अर्चन के साथ हुआ। इसके पश्चात पूरे दिन मंदिर परिसर में गुरु दर्शन, गुरु आशीर्वचन एवं गुरु सेवा का क्रम चलता रहा। रामपुरा नगर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों एवं जिलेभर से बड़ी संख्या में पहुंचे गुरु भक्तों ने गुरुदेव के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
इस दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही और पूरा वातावरण गुरु भक्ति एवं आध्यात्मिक ऊर्जा से गुंजायमान रहा। भक्तों ने गुरुदेव के चरणों में श्रद्धा अर्पित कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
देर शाम गुरु भक्त मंडल द्वारा विशाल गुरु प्रसादी भंडारे का आयोजन किया गया। इसमें रामपुरा नगर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण कर धर्म लाभ लिया।
रात्रि में मंदिर परिसर में भव्य भजन संध्या का आयोजन किया गया, जिसमें कलाकारों ने गुरु महिमा एवं धार्मिक भजनों की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। भजनों की मधुर धुनों पर श्रद्धालु देर रात तक भक्ति रस में डूबे रहे।
गुरु पूर्णिमा का यह आयोजन पूरे रामपुरा क्षेत्र में श्रद्धा, सेवा और समर्पण का संदेश देता नजर आया। मंदिर परिसर में दिनभर चले धार्मिक आयोजनों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय वातावरण में परिवर्तित हो गया।


