रामपुरा। ग्राम पंचॉयत खेतपालिया के एकीकृत माध्यमिक विद्यालयों में मध्यान्ह भोजन व्यवस्था को लेकर बच्चों और अभिभावकों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। आरोप है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद न तो व्यवस्था में सुधार हुआ और न ही जिम्मेदार अधिकारियों ने कोई ठोस कार्रवाई की।

क्षेत्र के बच्चों और अभिभावकों का कहना है कि एक ही श्री देवनारायण स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित भोजन व्यवस्था में अलग-अलग विद्यालयों आनंदीपुरा पीपलदा पठार के विद्यार्थियों को अलग-अलग स्तर का भोजन दिया जा रहा है। कभी सब्जी एक ही कभी कम भोजन उपलब्ध कराया जाता है तो कहीं गुणवत्ता और मात्रा को लेकर लगातार शिकायतें सामने आ रही हैं।

ग्रामीणों के अनुसार इस संबंध में जनपद पंचायत, जिला पंचायत, शिक्षा विभाग और एस डी एम सहाब व स्थानीय प्रशासन के विभिन्न अधिकारियों को कई बार शिकायतें दी जा चुकी हैं। इसके बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है।

11 सितंबर 2026 को आयोजित जनविश्वास शिविर के दौरान भी कलेक्टर सहाब डी ई ओ सहाब को बच्चों और अभिभावकों ने साथ आये समस्त अधिकारियों के समक्ष अपनी बात रखी। गांव पहुंचे शिक्षा विभाग के अधिकारियों को विद्यार्थियों ने सीधे अपनी परेशानी बताई और लिखित शिकायत सौंपी।

मामले ने अब कई सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं तो जांच क्यों नहीं हुई? यदि जांच हुई तो उसके निष्कर्ष सार्वजनिक क्यों नहीं किए गए? और यदि शिकायतें निराधार हैं तो प्रशासन स्पष्ट स्थिति क्यों नहीं बता रहा?

अभिभावकों की मांग है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोष तय किए जाएं तथा सभी विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों को समान, गुणवत्तायुक्त और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाए। बच्चों ओर स्टॉफ का आरोप है समहू संचालक अभद्र  भाषा को उपयोग भी करते जो लिखा नही जा सकता ओर धमकिया भी दी जाती बच्चो के घर जाकर भी 

मध्यान्ह भोजन योजना का उद्देश्य बच्चों का पोषण है, भेदभाव नहीं। ऐसे में अब सभी की नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।