​नीमच :गत 3 जुलाई को जिला शिक्षा अधिकारी नीमच द्वारा पत्रकारों के विद्यालयों में प्रवेश संबंधी पारित आदेश के विरोध में मीडिया जगत में व्यापक आक्रोश देखने को मिला था। इस विषय पर जिला शिक्षा विभाग ने पुनर्विचार करते हुए 5 जुलाई को आदेश में संशोधन जारी किया है।
​विभाग के अनुसार, विद्यालयों में पारदर्शिता, जवाबदेही और बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए मीडिया की भूमिका को सहयोगी के रूप में देखा जाएगा। इसी उद्देश्य से जिला शिक्षा अधिकारी ऐश्वर्या मुंदड़ा ने विद्यालयों में मीडिया प्रतिनिधियों के प्रवेश और सूचना उपलब्धता संबंधी नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

​प्रमुख बिंदु एवं दिशा-निर्देश:
​पहचान सत्यापन अनिवार्य: पत्रकारों, मीडिया प्रतिनिधियों, यूट्यूबरों और सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स को पहचान सत्यापन के बाद आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
​अध्ययन रहेगा निर्बाध: यह सुनिश्चित किया जाएगा कि विद्यालयों की नियमित शैक्षणिक गतिविधियां प्रभावित न हों और विद्यार्थियों का अध्ययन बिना किसी बाधा के चलता रहे।
​समन्वय की पहल: विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था किसी प्रकार की रोक-टोक के लिए नहीं, बल्कि शिक्षा व्यवस्था और मीडिया के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से लागू की गई है।
​डीईओ ऐश्वर्या मुंदड़ा के मुख्य वक्तव्य:
​"लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को बताया भागीदार"
"मीडिया को दरकिनार करना शिक्षा विभाग का उद्देश्य नहीं है और न ही विभाग का कोई कदम मीडिया की स्वतंत्रता में बाधा उत्पन्न करेगा। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में उसका सहयोग हमेशा स्वागतयोग्य रहेगा।"
​"कमियां बताएगा मीडिया, तुरंत होगा सुधार"
"यदि मीडिया के माध्यम से शिक्षा व्यवस्था की कोई कमी, त्रुटि या समस्या विभाग के संज्ञान में आती है तो उसे पूरी गंभीरता से लिया जाएगा। ऐसे मामलों में तत्काल आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई की जाएगी। रचनात्मक आलोचना और सकारात्मक सुझाव विभाग के लिए मार्गदर्शक का कार्य करते हैं।"
​संवाद और पढ़ाई के बीच संतुलन
​जारी निर्देशों के अनुसार:
​विद्यालयों में आने वाले मीडिया प्रतिनिधियों का पहचान पत्र सत्यापित करने के बाद संस्था प्रमुखों द्वारा उन्हें आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
​संस्था प्रमुखों को मीडिया के साथ समन्वय बनाकर सहयोग करने के निर्देश दिए गए हैं।
​कक्षाओं के दौरान शैक्षणिक अनुशासन बनाए रखने और विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न होने देने का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
​पारदर्शी और जवाबदेह व्यवस्था की पहल
​शिक्षा विभाग का मानना है कि विद्यालयों की उपलब्धियों, नवाचारों और जनहित से जुड़े विषयों को समाज तक पहुंचाने में मीडिया की अहम भूमिका है। विभाग की यह नई पहल पारदर्शिता, जवाबदेही और जनविश्वास को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। अधिकारियों को विश्वास है कि शिक्षा विभाग और मीडिया के बीच सकारात्मक साझेदारी से जिले की शिक्षा व्यवस्था और अधिक सशक्त, संवेदनशील एवं गुणवत्तापूर्ण बनेगी।